प्रोस्टेट कैंसर के खतरे को बढ़ा देता है चर्बीदार भोजन

By: शैलेश कुमार झा
Feb 16 2017

नई दिल्लीः इंटरनैशनल जर्नल ऑफ कैंसर में छपे एक ताजा अध्ययन का जिक्र करते हुए इंडियन मेडिकल एसोसियेशन (आईएमए) ने आगाह किया है कि अधिक चर्बीदार भोजन पुरुषों में प्रोस्टेट कैंसर का कारण बन सकता है। संगठन ने कहा है कि इस रोग के मरीज तत्काल ऐसा भोजन बंद कर दें ताकि प्रोस्टेट का कैंसर का बढ़ना रुक जाए।आईएमए के महासचिव आर.एन. टंडन ने एक बयान जारी कर कहा है कि पुरुष संतृप्त चर्बीदार भोजन से परहेज करें तो वे दो रोगों से बच सकते हैं- प्रोस्टेट कैंसर एवं दिल के रोग से। दोनों रोगों के जोखिम कारक एक ही हैं। यही कारण है कि दिल के रोगियों की संख्या बढ़ने के साथ साथ प्रोस्टेट कैंसर के मरीजों की संख्या भी बढ़ती जा रही है।
डॉ. टंडन ने कहा  है-अध्ययनों में इस बात के पर्याप्त सबूत मिल चुके हैं कि संतृप्त चर्बी वाले अधिक भोजन प्रोस्टेट कैंसर के कारण बनते हैं। ऐसा देखा गया है कि प्रोस्टेट कैंसर की सर्जरी के बाद ऐसे भोजन बंद कर दिए जाएं तो कैंसर का बढ़ना रुक जाता है। ५० साल की उम्र के बाद इस कैंसर के होने का जोखिम रहता है। इसलिए काफी पहले से इसके जोखिम कारकों से बचकर रखने की जरुरत है। आईएमए ने देश में प्रोस्टेट कैंसर की बढ़ती सख्या पर चिंता प्रकट करते हुए पुरुषों के बीच उसकी रोकथाम के लिए अभियान चलाने की जरुरत पर बल दिया है।

आईएमए ने प्रोस्टेट कैंसर से बचने के लिए पुरुषों को निम्न सावधानी  की सलाह दी है:
  • हर दिन वे रंगीन व रसदार फलों का सेवन कई बार करें
  • रेड मीट एवं प्रसंस्कृत मांस से परहेज जरूरी
  • प्रोटीन के लिए मछली, अंडों व बीन पर निर्भर करना बेहतर
  • तले हुए फास्ट फूड, पैकेट भोजन कम करे, नमक का अधिक सेवन भी जोखिम भरा होता है


 




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